भाई ने बहन को बनाया हवस का शिकार,

 जिस भाई से बहन रक्षाबंधन और भाईदूज के त्योहार पर रक्षा करने की सौगंध लेती है वही भाई बहन को हवस का शिकार बनाकर उसकी जिन्दगी को बर्बाद कर दे शायद इससे ज्यादा शर्म की बात कोई और नहीं होगी। ऐसा ही कुछ एक कलियुगी भाई ने अपनी बहन के साथ किया जब वह आबरू बचाने के लिए अपनी बहन के यहां पहुंची तो बहनोई और उसके भाई ने भी उसके साथ अपने तन की प्यास बुझाई।


थाना व कस्बा जहानगंज की रहने वाली एक महिला ने पुलिस अधीक्षक को दिये फरियादी पत्र में आरोप लगाया कि जब उसकी उम्र 14 वर्ष की थी एक दिन उसके घर पर कोई नहीं था तो उसके अपने सगे भाई विकास पुत्र राकेश चन्द्र निवासी ग्राम वलीपुर थाना कमालगंज ने जबरन दुष्कर्म किया था। समाज की लोकलाज के भय की वजह से उसने यह बात किसी को नहीं बताई तो उसके भाई के हौसले और अधिक बुलन्द हो गये। जिसके कारण वह आये दिन उसके साथ दुष्कर्म करने लगा। बात ज्यादा बढ़ी तो उसके मां-बाप ने यह बात अपने दामाद सुनील कुमार पुत्र रमेश चन्द्र निवासी कीरतपुर थाना तालग्राम जनपद कन्नौज को बताई तो महिला के बहनोई ने मां-बाप से कहा कि वह उसे उनके  साथ भेज दें तो वह अपने छोटे भाई सुधीर के साथ उसकी शादी करवा देंगे। यह बात कहकर वह बहनोई अपने साथ बुला ले गया। वहां लगभग एक साल तक रखा गया। इसी बीच उसके बहनोई और बहनोई के भाई सुधीर ने उसके साथ कई बार दुष्कर्म किया और धमकी दी कि यदि तुम मेरे तन की प्यास नहीं बुझाओगी तो मैं तुम्हारे साथ अभी तक जो भी हुआ है वह सब समाज को बता दूंगा। 


जब पीड़िता ने यह बात अपनी बड़ी बहन को बताई तो उसने भी डांट पिला दी। एक दिन मौका पाकर वह अपने घर भाग गई। जिस पर उसके मां-बाप ने उसकी शादी जितेन्द्र पुत्र जबर सिंह के साथ 19 नवंबर 2018 को कर दी। शादी हो जाने के बाद भी इन लोगो ने उसका पीछा नहीं छोड़ा। इन लोगो ने अपने द्वारा किये गये कुकर्मों को उसके पति को बता दिया ताकि वह छोड़ दे लेकिन पति ने ऐसा नहीं किया। जब वह ससुराल में रहकर गर्भवती हो गई तो एक दिन उसका भाई विकास, बहनोई सुनील और उसका भाई सुधीर पहुंच गये। उस समय उसके पति घर पर मौजूद नहीं थे तो इन लोगो ने उसे बंधक बनाकर जबरन दुष्कर्म किया। जब वह बेहोश हो गई तो यह लोग उसे छोड़ कर मौके से फरार हो गये। अब पीड़िता न्याय पाने के लिए दर-दर की ठोकरें खाती घूम रही है। 

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